[bikaner] - छात्रावास के जर्जर भवन में पढऩे को मजबूर नौनिहाल

  |   Bikanernews

नोखा. सिंजगुरु की प्राथमिक स्कूल को मर्ज करने के बाद उसके हालात बहुत खराब है। यहां पढऩे वाले नौनिहालों के लिए सुविधाओं के नाम पर कुछ भी नहीं है। यहां बच्चों के लिए लाइट-पानी की व्यवस्था तो दूर, बैठने के लिए साफ-सुथरी जगह तक नहीं है। छोटे बच्चों को कमरों के बजाय बरामदे में बने फर्श पर नीचे ही बैठाकर पढ़ाया जाता है।

सुविधा के नाम पर पंखे, टेबल-कुर्सी तो दूर, बच्चों को बैठाने के लिए दरी तक नहीं है। स्कूल भवन के नाम पर कहने को तो छात्रावास के तीन कमरे हैं, लेकिन इनकी हालत जर्जर होने के कारण शिक्षक बच्चों को कमरों में बैठाना भी उचित नहीं समझते हैं। छात्रावास भवन के चारों तरफ गंदगी फैली है। जिम्मेदारों की इस गलती का खामियाजा बच्चे भुगत रहे हैं। सिंजगुरु का यह सरकारी प्राथमिक स्कूल पहले अपने भवन में संचालित होता था लेकिन इस स्कूल के बच्चों को बैठाने की व्यवस्था किए बिना ही इस स्कूल को सीनियर स्कूल में मर्ज कर दिया गया। अब वहां पर बच्चों को बैठाने के लिए जगह नहीं है। ऐसे में प्राथमिक स्कूल तक के बच्चों की कक्षाएं पुराने छात्रावास भवन के जर्जर कमरों में लगाई जा रही हैं।...

यहां पढें पूरी खबर— - http://v.duta.us/lloqEAAA

📲 Get Bikaner News on Whatsapp 💬