आरसीईपी से 🇮🇳भारत के बाहर निकलने पर विदेश मंत्री ने दिया 🗣️बयान

  |   Hindielections / समाचार

विदेश मंत्री एस जयशंकर ने गुरुवार को कहा कि भारत ने क्षेत्रीय व्यापक आर्थिक साझेदारी (आरसीईपी) पर हस्ताक्षर नहीं करने का फैसला नए समझौते से होने वाले लाभ-हानि की सोच-समझकर की गई गणना के आधार पर लिया और खराब समझौते से अच्छा समझौता नहीं करना था।

भारत वर्षों तक वार्ता करने के बाद भी मूल चिंताएं दूर नहीं होने पर हाल ही में चीन समर्थित क्षेत्रीय व्यापक आर्थिक साझेदारी से बाहर आ गया था। इस दौरान प्रधानमंत्री ने बैंकॉक में कहा था कि प्रस्तावित समझौता सभी भारतीयों के जीवन और आजीविका पर प्रतिकूल प्रभाव डालेगा।

जयशंकर ने चौथे रामनाथ गोयनका स्मृति व्याख्यान में समझौते पर हस्ताक्षर नहीं करने के भारत के फैसले का जिक्र किया और कहा कि भारत ने बहुत अंत तक बातचीत की और फिर, प्रस्ताव के बारे में सोचने समझने के बाद फैसला लिया।

फोटो - http://v.duta.us/RHmMuAAA

यहां पढें पूरी खबर- - http://v.duta.us/HmdagwAA

📲 Get समाचार on Whatsapp 💬